
छतरपुर(पलामू) । अवैध कारोबार और उससे होने वाली राजस्व क्षति को लेकर राज्य के वित्त मंत्री राधा कृष्ण किशोर ने सोमवार की आधी रात छतरपुर में अचानक सड़क पर उतरकर वाहन जांच अभियान चलाया। मंत्री के अचानक सड़क पर उतरने की खबर मिलते ही स्थानीय स्तर पर हड़कंप मच गया। सड़मा स्थित महेंद्रा एग्रो पेट्रोल पंप के समीप एनएच-139 पर उन्होंने बिहार और उत्तर प्रदेश की ओर जा रहे भारी मालवाहक वाहनों को रुकवाकर उनकी जांच कराई। इस दौरान चार वाहनों को पकड़कर अग्रतर कार्रवाई के लिए पुलिस के हवाले किया गया।



बताया गया कि पकड़े गए वाहनों में एक ट्रक पर लकड़ी, दूसरे पर गिट्टी, तीसरे पर कोयला और चौथे वाहन पर लोहे का स्क्रैप लदा था। वाहनों से संबंधित कागजात और माल की वैधता की जांच के बाद आगे की कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की गई। जानकारी के अनुसार वित्त मंत्री का काफिला सोमवार की रात करीब 11 बजे छतरपुर पहुंचा। इसके बाद बिना किसी पूर्व सूचना के एनएच-139 पर वाहन जांच शुरू कर दी गई। मंत्री के इस अचानक अभियान की सूचना फैलते ही संबंधित कारोबारियों में भी हड़कंप मच गई। कार्रवाई के दौरान पुलिसकर्मी और सुरक्षा बल भी मौजूद थेे। वित्त मंत्री के साथ संयुक्त आयुक्त वाणिज्य कर मनोज कुमार, राज्य कर पदाधिकारी कीर्ति वर्धन, राज्य कर पदाधिकारी वीर सिंह होरो शामिल थे।
वित्त मंत्री के इस कदम की चर्चा इसलिए भी हो रही है कि अवैध खनन थाैर परिवहन पर कार्रवाई के लिए प्रशासनिक स्तर पर अलग-अलग विभाग और टास्क फोर्स पहले से मौजूद हैं। इसके बावजूद मंत्री का स्वयं रात में सड़क पर उतरकर मालवाहकों की जांच करना प्रशासनिक तंत्र की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े करता है।
छतरपुर अनुमंडल क्षेत्र के बिहार सीमा क्षेत्र में अवैध खनन और खनिजों के परिवहन को लेकर लंबे समय से शिकायतें सामने आती रही हैं। वित्त मंत्री इससे पहले भी छतरपुर क्षेत्र में रात के समय अवैध खनन के खिलाफ कार्रवाई कर चुके हैं। जून 2026 में देवबंद पहाड़ क्षेत्र में उनके नेतृत्व में हुई कार्रवाई में चार हाईवा और एक पोकलेन जब्त करने की रिपोर्ट भी सामने आई थी। सोमवार की रात की कार्रवाई को इसी अभियान की अगली कड़ी के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि, पकड़े गए वाहनों पर अंतिम कार्रवाई संबंधित विभागों द्वारा जांच और दस्तावेजों के सत्यापन के बाद ही स्पष्ट होगी।
इस संबंध में वित्त मंत्री ने कहा कि उन्हें सूचना मिली थी कि बड़ी संख्या में वाहन अवैध कोयला लेकर बिहार और उत्तर प्रदेश की ओर जाते हैं। इसी सूचना के आधार पर उन्होंने स्वयं कार्रवाई करने का निर्णय लिया। उन्होंने कहा कि सरकारी राजस्व को नुकसान पहुंचाने वाले किसी भी अवैध कारोबार को उनके रहते चलने नहीं दिया जाएगा और जनता और सरकार के पैसे को लूटने की इजाजत नहीं दी जाएगी। उन्होंने संकेत दिया कि आने वाले दिनों में भी इस तरह की कार्रवाई जारी रहेगी।

