
नई दिल्ली। बीजेपी सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर तीखा तंज कसा है। उन्होंने नेता प्रतिपक्ष को बिगड़ा हुआ शहजादा बताया है। उन्होंने कहा कि होंगे राजे-राजकुमार, ये बिगड़े दिल शहजादे जब जब सदन में गृह मंत्री और पीएम बोले, यह तब तब सदन छोड़कर भागे। बीजेपी सांसद का यह तंज उस वक्त आया है, जब राहुल गांधी ने दावा किया कि उनके मुद्दों के सामने प्रधानमंत्री और गृहमंत्री अमित शाह सदन में उनके सामने खड़े नहीं हो सकते।



नई दिल्ली में मंगलवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में सुधांशु त्रिवेदी ने राहुल गांधी को चुनौती दी है कि गृह मंत्री सदन में आकर बिंदुवार जवाब देने को तैयार हैं, इसीलिए सदन छोड़कर आप न भागे। उन्होंने कहा कि जिनका इतिहास ही सदन छोड़ने का है उन्हें दूसरों पर उंगली नहीं उठानी चाहिए। राहुल गांधी को डरना नहीं चाहिए बल्कि सदन में गृहमंत्री का जवाब सुनना चाहिए।
सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि संसद का मानसून सत्र अपने आखिरी दौर में है। इस सत्र के बाद भारत अपनी आजादी के 80वें साल में प्रवेश करेगा। हालांकि इस सत्र के दौरान सदन में जो कुछ भी हो रहा है, वह निश्चित रूप से लोकतंत्र के लिए एक गंभीर चुनौती बनकर उभर रहा है। मेरा मानना है कि हमारे संविधान निर्माताओं ने कभी कल्पना भी नहीं की होगी कि कोई व्यक्ति, जो अहंकार और मनमानी के कारण किसी बिगड़े हुए राजकुमार की तरह व्यवहार करता हो, देश के सर्वोच्च सदन को बंधक बना लेगा। हमें ऐसे कड़े शब्दों का इस्तेमाल करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है, क्योंकि पिछले कुछ हफ्तों में हमने देखा है कि विपक्ष, खासकर कांग्रेस पार्टी और विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने अपने व्यवहार से लगातार यह दिखाया है कि वे सदन में कोई सार्थक चर्चा नहीं होने देना चाहते।
बीजेपी प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी ने लगातार अपनी मांगें बदली हैं। पहले, उन्होंने कहा कि नीट परीक्षा से जुड़े नियमों में बदलाव किए जाने चाहिए, और उस मांग को मान लिया गया। उन्होंने कड़े कानूनों की मांग की, जैसा कि छात्रों ने चाहा था, और उसे भी स्वीकार कर लिया गया। कैबिनेट ने प्रस्ताव को मंजूरी दी और एक नया बिल भी पेश किया गया। उन्होंने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग की। उसे मान लिया गया। उन्होंने मांग की कि छात्रों से जुड़े केस वापिस लिए लिए जाएं। उसे भी मान लिया गया।

