
नयी दिल्ली: शिक्षा मंत्रालय ने बुधवार को कहा कि केंद्रीय विद्यालयों में प्रवेश के लिए सांसदों के विवेकाधीन कोटा को फिर से शुरू करने का कोई प्रस्ताव नहीं है।
शिक्षा राज्य मंत्री जयंत चौधरी ने राज्यसभा को शिवसेना (यूबीटी) की सदस्य प्रियंका चतुर्वेदी के एक प्रश्न के लिखित उत्तर में यह जानकारी दी।
गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने पिछले साल केंद्रीय विद्यालयों में प्रवेश के लिए सांसदों सहित कई विवेकाधीन कोटे को समाप्त कर दिया था।
विशेष प्रावधानों के तहत सांसदों के पास केंद्रीय विद्यालयों में दस विद्यार्थियों के एडमिशन करने की विवेकाधीन शक्तियां थीं।
