
पटना। बिहार सरकार पंचायत सरकार भवनों को ग्रामीण सुविधा केंद्र के रूप में विकसित करने की तैयारी में जुट गई है। अब राज्य के सभी पंचायत सरकार भवनों में बैंक, डाकघर, आरटीपीएस केंद्र, पुस्तकालय के साथ-साथ सुधा मिल्क पार्लर भी खोले जाएंगे। पंचायती राज विभाग के सचिव मनोज कुमार ने विभागीय योजनाओं की समीक्षा बैठक में यह निर्देश जारी किए। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए आयोजित बैठक में सभी जिलों के उप विकास आयुक्त, जिला पंचायत राज पदाधिकारी और जिला परिषद के अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। सरकार का उद्देश्य पंचायत भवनों को ग्रामीण जनता के लिए बहुउद्देश्यीय सेवा केंद्र बनाना है।



सरकार चाहती है कि ग्रामीण लोगों को जरूरी सेवाओं के लिए शहरों का चक्कर न लगाना पड़े। इसी को ध्यान में रखते हुए पंचायत सरकार भवनों में बैंकिंग, डाक सेवा, प्रमाण पत्र सेवा और डेयरी उत्पाद जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने की योजना बनाई गई है। सुधा मिल्क पार्लर खुलने से स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ने की भी उम्मीद है।
समीक्षा बैठक में पंचायतों में लगाए जा रहे सोलर स्ट्रीट लाइट्स की स्थिति पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों ने बताया कि अब तक राज्य में 11 लाख 7 हजार 707 सोलर स्ट्रीट लाइट्स लगाई जा चुकी हैं। औरंगाबाद, अरवल, भोजपुर, मधुबनी, किशनगंज, सीतामढ़ी, शिवहर, लखीसराय और बक्सर समेत नौ जिलों में यह काम पूरा हो चुका है।
जनप्रतिनिधियों को मिलेगा आॅनलाइन मॉनिटरिंग सिस्टम : पंचायती राज विभाग अब सोलर स्ट्रीट लाइट्स की निगरानी को और आसान बनाने जा रहा है। सचिव ने निर्देश दिया कि केंद्रीकृत अनुश्रवण प्रणाली का यूआरएल जल्द जनप्रतिनिधियों को उपलब्ध कराया जाए ताकि वे अपने क्षेत्र की लाइटों की स्थिति आॅनलाइन देख सकें।

