
रांची। मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने शनिवार को राजधानी रांची सहित झारखंड के अन्य प्रमुख शहरों में यातायात व्यवस्था को सुचारू और आधुनिक बनाने की दिशा में तीन महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं को मंजूरी दे दी। इन परियोजनाओं की विस्तृत प्रस्तुति पथ निर्माण विभाग के प्रधान सचिव सुनील कुमार ने मुख्यमंत्री के समक्ष दी। मुख्यमंत्री ने डीपीआर तैयार कर जल्द परियोजनाओं को धरातल पर उतारने का निर्देश दिया है। साथ ही, अन्य प्रमुख शहरों में भी यातायात सुधार के उपाय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।



अरगोड़ा चौक-कटहल मोड़-चापू टोली तक एलिवेटेड फ्लाईओवर : अरगोड़ा चौक-कटहल मोड़-चापू टोली एलिवेटेड फ्लाईओवर की मंजूरी दी गई । इसकी लंबाई: 1.75 किलोमीटर, चौड़ाई: फ्लाईओवरझ्र 10 मीटर, नीचे की सड़कझ्र7 मीटर होगी। सड़क के दोनों ओर ड्रेनेज और यूटिलिटी डक्ट बनेगा । नीचे की सड़क का सौंदर्यीकरण किया जाएगा । फ्लाईओवर पर पूर्ण प्रकाश व्यवस्था और दोनों किनारों पर नॉइज बैरियर लगेगा । इसके बनने से अरगोड़ा से चापू टोली तक व्यस्त यातायात से राहत मिलेगी और सुगम यातायात व्यवस्था सुनिश्चित होगी।
करमटोली-मोराबादी-साइंस सिटी फ्लाईओवर एवं रिंग रोड तक फोर लेन बनेगा । फ्लाईओवर की लंबाई: 2.2 किलोमीटर (करमटोली चौक से साइंस सिटी तक) एवं चौड़ाई 10 मीटर होगी । फोर लेन सड़क लंबाई साइंस सिटी से रिंग रोड तक 5 किलोमीटर से अधिक होगी । इसके बनने से राजधानी के व्यस्त मार्गों पर जाम की समस्या में कमी आएगी और आवाजाही तेज होगी।
रांची रेलवे स्टेशन से एयरपोर्ट तक वैकल्पिक फोर लेन सड़क। इसकी कुल लंबाई 4.7 किलोमीटर साथ ही एलिवेटेड रोड 800 मीटर बनेगी। दोनों ओर फुटपाथ और कवर्ड साइकिल ट्रैक होगा। ट्रैक के ऊपर सोलर पैनल, जिससे सड़क रोशन रहेगी। ग्रीनफील्ड कॉरिडोर, गजीबो, बैठने की बेंच और प्राथमिक सुविधाएं होंगी। इसके बनने से एयरपोर्ट तक जाने के लिए वैकल्पिक तेज रफ्तार मार्ग उपलब्ध होगा। इससे हटिया, डोरंडा, हीनू और एचईसी क्षेत्र के लोगों को रांची रेलवे स्टेशन तक त्वरित और सुगम पहुंच सुनिश्चित होगी।
मुख्यमंत्री ने हरमू मुक्ति धाम से रेडिशन ब्लू तक फ्लाईओवर और हिनू पुल से जगन्नाथपुर तक स्वर्णरेखा नदी पर फ्लाईओवर जैसे अन्य प्रस्तावों पर भी विचार करने की बात कही है। उन्होंने निर्देश दिया कि रांची की तर्ज पर जमशेदपुर, डालटनगंज और अन्य शहरों में भी ट्रैफिक सुधार की योजनाएं बनाई जाएं।
जमशेदपुर-साकची सिटी फ्लाईओवर: 2.54 किमी लंबा फ्लाईओवर , जाम की समस्या से राहत देगा।
डालटनगंज-गढ़वा वैकल्पिक कॉरिडोर : चारों दिशाओं को जोड़ने वाला गोलाकार एलिवेटेड कॉरिडोर, ट्रैफिक संतुलन में मदद करेगा।
इन परियोजनाओं से न केवल ट्रैफिक जाम की समस्या कम होगी, बल्कि स्थानीय रोजगार, निवेश और औद्योगिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा। मुख्यमंत्री ने समयबद्ध क्रियान्वयन और नियमित समीक्षा का निर्देश देते हुए कहा कि यह पहल झारखंड को आधुनिक और विकसित राज्य बनाने की दिशा में एक अहम कदम है।

