
पटना। सरकार राजगीर एवं सासाराम कैमूर क्षेत्र में नई एयरपोर्ट बनाने जा रही है। सैद्धांतिक सहमति बन गई है। भविष्य में आवश्यकता के अनुसार एयरपोर्ट, हेलीपैड और एयरस्ट्रिप का व्यापक नेटवर्क विकसित किया जाएगा। रोजगार सृजन के साथ औद्योगिक विकास में यह पहल महत्वपूर्ण है। सरकार के लिए जनता सर्वोपरि है। मतदाता ही मालिक है।



सरकार ने 30 दिनों के अंदर जनता के काम को घर बैठे आॅनलाइन कराने की व्यवस्था सृजित कर दी है। इसके साथ ही यह भी व्यवस्था दी है कि जनता के काम लटकाने व भटकाने वाले अफसर 31वें दिन कार्रवाई के दायरे में आ जाएंगे। मुख्यमंत्री कार्यालय की निगरानी में ऐसे 2700 अफसर चिह्नित किए गए हैं। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शुक्रवार को मीडिया संवाद में उक्त बातें कही। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने पर प्रमुख उपलब्धियां भी गिनाईं। भाजपा की नीतियों से देश को आजादी के 65-75 वर्षों उपरांत हुए लाभ की ओर भी पत्रकारों का ध्यान आकृष्ट किया।
उन्होंने कहा कि बीते एक दशक में देश और बिहार दोनों ने विकास का नया अध्याय लिखा है। बिहार को कभी अपनी बड़ी आबादी बोझ लगती थी, वही आज विकास की सबसे बड़ी ताकत बन गई है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में राज्य को अभूतपूर्व सहयोग मिला है। मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा ने जनसंघ के समय से जो भी संकल्प देश के सामने रखा, उसे मोदी सरकार ने पूरा किया है। जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 और 35ए को हटाना तथा अयोध्या में भव्य राम मंदिर का निर्माण भाजपा की ऐतिहासिक प्रतिबद्धताएं थीं, जिन्हें प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में पूरा किया गया। भाजपा अपने विचारों और संकल्पों से कभी पीछे नहीं हटी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले 11-12 वर्षों में यह राशि बढ़कर लगभग 12.90 लाख करोड़ रुपये हो गई है। जीएसटी और केंद्र सरकार की नीतियों ने बिहार की वित्तीय स्थिति को मजबूती दी है। राज्य की विकास क्षमता को नई ऊर्जा प्रदान की है। आज बिहार देश के अग्रणी राज्यों में शामिल है, जहां गांव-गांव तक बिजली पहुंच चुकी है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण सड़क संपर्क में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। ग्रामीण सड़कों की लंबाई लगभग 1.20 लाख किलोमीटर पहुंच चुकी है। 100 से अधिक आबादी वाले सभी टोलों को पक्की सड़क से जोड़ने का अभियान चलाया जा रहा है। गंगा नदी पर सात नए पुलों का निर्माण पूरा हो चुका है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सात पुल निर्मार्णाधीन हैं। इसके अलावा कोसी, गंडक, सोन, बागमती और फल्गु जैसी प्रमुख नदियों पर भी नए पुलों एवं संपर्क परियोजनाओं का विस्तार किया गया है।
उन्होंने कहा कि देश भर में एक करोड़ लखपति जीविका दीदियां हैं। बिहार में इनकी संख्या करीब 30 लाख है। महिला सशक्तिकरण की दिशा में यह बहुत बड़ी उपलब्धि है। उन्होंने बताया कि उपमुख्यमंत्री रहते हुए उन्होंने कई फैक्ट्रियों का उद्घाटन किया था और अब बड़े पैमाने पर निवेश आ रहा है। डाटा सेंटर परियोजना पर जल्द काम शुरू होने वाला है।
राजगीर और मुंगेर में डिफेंस कॉरिडोर : उन्होंने घोषणा की कि सरकार ने 20 नवंबर को अपने एक वर्ष पूरे होने तक बिहार में पांच लाख करोड़ रुपये के औद्योगिक निवेश को धरातल पर उतारने का लक्ष्य निर्धारित किया है। बिहार में राजगीर तथा मुंगेर को डिफेंस कॉरिडोर के रूप में विकसित करने की दिशा में कार्य किया जाएगा, जिससे रोजगार और निवेश के नए अवसर सृजित होंगे।
कार्यक्रम का संचालन प्रदेश मीडिया प्रभारी दानिश इकबाल ने किया। इस अवसर पर केंद्रीय सह मीडिया प्रभारी संजय मयूख भी उपस्थित थे।

