
रांची। महिला पुलिस अधिकारियों का दो दिवसीय राज्य स्तरीय सम्मेलन 23 और 24 अगस्त को डोरंडा स्थित जैप-1 के शौर्य सभागार में आयोजित किया जाएगा। डीजीपी अनुराग गुप्ता ने शुक्रवार को पुलिस मुख्यालय में संवाददाता सम्मेलन में यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की पहल पर झारखंड पुलिस के द्वारा 23 एवं 24 अगस्त को दो दिवसीय महिला पुलिस अधिकारियों का राज्य स्तरीय सम्मेलन आयोजित किया जा रहा है। इस सम्मेलन का थीम महिला पुलिस सेवा, सुरक्षा एवं सम्मान रखा गया है। सम्मेलन में राज्य के 200 से अधिक डेलिगेट्स भाग लेंगे, जिसमें राज्य के सभी जिला और ईकाइ से आरक्षी, हवलदार, सहायक पुलिस निरीक्षक, अवर निरीक्षक, पुलिस निरीक्षक एवं पुलिस उपाधीक्षक शामिल होंगे।
डीजीपी ने कहा कि हाल के दिनों में महिला पुलिस अधिकारी एवं कर्मियों की संख्या में काफी बढ़ोतरी हुई है। महिला पुलिसकर्मियों के सहयोग से अपराध नियंत्रण, महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराधों की रोकथाम एवं समाज में सुरक्षा की भावना उत्पन्न होता दिख रहा है। इसके लिए राज्य के सभी जिलों में महिला थाना का सृजन किया गया है, जहां महिलाएं अपनी विभिन्न प्रकार की समस्याओं को निर्भीक होकर महिला पुलिस पदाधिकारी को अवगत करा रही है, जिसका उनलोगों के जरिये संवेदनापूर्वक निराकरण किया जा रहा है।
डीजीपी ने बताया कि भारतीय नागरिक सुरक्षा संहित्ता-2023 बीएन एसएस की धारा-173 में वर्णित प्रावधानों का अक्षरश: अनुपालन कराने के लिए महिला पुलिस पदाधिकारियों की संख्या लगातार बढ़ायी जा रही है तथा स्थानीय थाना स्तर पर पदस्थापित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि झारखंड पुलिस के जरिये समय-समय पर महिला पुलिस पदाधिकारियों और कर्मियों को महिलाओं एवं बच्चों के खिलाफ अपराधों की रोकथाम तथा अनुसंधान में दक्षता के लिए देश के ख्याति प्राप्त प्रशिक्षण संस्थानों में भेजकर प्रशिक्षित कराया जा रहा है। डीजीपी ने कहा कि इस सम्मेलन में महिला अधिकारियों की चुनौती, उपलब्धि और भविष्य की कार्य योजना पर सम्मेलन में विशेष तौर पर चर्चा की जाएगी।
उन्होंने कहा कि महिला एवं बच्चों के खिलाफ अपराधों की रोकथाम के लिए सामान्य थाना में भी महिला पदाधिकारी-कर्मियों की पदस्थापन किया जा रहा है, जिससे महिलाओं में सुरक्षा की भावना उत्पन्न हो। महिला पुलिस अधिकारी, अपराध नियंत्रण, महिलाओं एवं बच्चों के खिलाफ अपराधों की रोकथाम और समाज में सुरक्षा की भावना पैदा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। इनकी चुनौतियों, उपब्धियों और भविष्य की दिशाओं पर चर्चा करने के लिए राज्य स्तरीय महिला पुलिस अधिकारियों का सम्मेलन आयोजित किया गया है। यह सम्मेलन प्रत्येक वर्ष अयोजित किया जायेगा।
