
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित करते हुए युवाओं, खेल, तकनीक, ऊर्जा और नागरिक सुरक्षा से जुड़े कई अहम ऐलान किए। उन्होंने अगले एक साल में एक करोड़ युवाओं को एआई स्किल ट्रेनिंग देने, प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए मुफ्त ऑनलाइन कोचिंग नेटवर्क तैयार करने और नागरिक सुरक्षा व्यवस्था को आधुनिक बनाने की घोषणा की। इसके अलावा सेमीकंडक्टर और परमाणु ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता को लेकर भी बड़े लक्ष्य सामने रखे।



एक करोड़ युवाओं को एआई ट्रेनिंग
प्रधानमंत्री ने कहा कि आने वाले एक साल में देश के एक करोड़ युवाओं को एआई स्किल ट्रेनिंग दी जाएगी। इसका उद्देश्य युवाओं को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के क्षेत्र में सक्षम बनाना और भारत को वैश्विक स्तर पर नेतृत्व की स्थिति में पहुंचाना है।
प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए मुफ्त ऑनलाइन कोचिंग
पीएम मोदी ने कहा कि कोचिंग का बढ़ता खर्च मध्यमवर्गीय और गरीब परिवारों पर बड़ा आर्थिक बोझ बन गया है। इसे कम करने के लिए सरकार विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की मुफ्त ऑनलाइन कोचिंग उपलब्ध कराने के लिए व्यापक नेटवर्क तैयार करेगी। इसके लिए डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर, शिक्षकों और विशेषज्ञों की मदद ली जाएगी।
आधुनिक होगा नागरिक सुरक्षा नेटवर्क
बदलते युद्ध और सुरक्षा हालात का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने नागरिक सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में आधुनिक और जीवंत सिविल डिफेंस नेटवर्क तैयार किया जाएगा। नागरिकों को उन्नत आपातकालीन प्रणालियों और सुरक्षा प्रोटोकॉल की जानकारी दी जाएगी।
5 से 15 साल के बच्चों के लिए स्पोर्ट्स टैलेंट हंट
पीएम मोदी ने 2036 के ओलंपिक को ध्यान में रखते हुए खेल प्रतिभाओं को कम उम्र में पहचानने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि 5 से 15 वर्ष की उम्र के बच्चों की प्रतिभा खोजने के लिए टैलेंट हंट अभियान चलाया जाएगा। लक्ष्य है कि भारत 2036 के ओलंपिक में उन खेलों में भी भाग ले, जिनमें अभी उसकी मौजूदगी नहीं है।
सेमीकंडक्टर में आत्मनिर्भरता पर जोर
प्रधानमंत्री ने कहा कि डिजिटल और तकनीकी दौर में सेमीकंडक्टर चिप्स बेहद महत्वपूर्ण हैं। इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों, मेडिकल डिवाइस और परिवहन प्रणालियों में इनकी अहम भूमिका है। उन्होंने बताया कि देश में तीन बड़े सेमीकंडक्टर प्लांट में उत्पादन और निर्यात शुरू हो चुका है, जबकि अगले 7-8 वर्षों में पांच से आठ और प्लांट शुरू करने की दिशा में काम किया जाएगा।
2047 तक 100 GW परमाणु ऊर्जा का लक्ष्य
ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने के लिए प्रधानमंत्री ने 2047 तक 100 गीगावाट परमाणु ऊर्जा क्षमता हासिल करने का लक्ष्य रखा। उन्होंने कहा कि इसी दशक में पांच नए परमाणु रिएक्टर शुरू करने का लक्ष्य है। पीएम मोदी ने फास्ट ब्रीडर परमाणु तकनीक में भारत की उपलब्धि को भी परमाणु ईंधन के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
इन घोषणाओं के जरिए सरकार ने युवाओं के कौशल विकास, शिक्षा, खेल प्रतिभाओं को बढ़ावा देने, तकनीकी आत्मनिर्भरता, ऊर्जा सुरक्षा और नागरिक सुरक्षा को लेकर आने वाले वर्षों की प्राथमिकताओं का संकेत दिया है।

