
नई दिल्ली। एयर इंडिया की फुकेट से दिल्ली आ रही फ्लाइट एआई-2379 में मंगलवार को अचानक टर्बुलेंस जैसी गंभीर घटना हुई, जिसमें विमान करीब 300 फीट नीचे गिर गया। इस हादसे में 10 यात्री और 4 क्रू मेंबर समेत कुल 14 लोग घायल हो गए। बताया जा रहा है कि केबिन क्रू के एक सदस्य को गंभीर चोट आई है, जबकि बाकी को मामूली चोटें लगी हैं। विमान दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर सुरक्षित लैंड हुआ और सभी यात्री और क्रू सदस्य सुरक्षित उतरे।एयर इंडिया ने आधिकारिक बयान में कहा कि फुकेट से दिल्ली के लिए रवाना हुई फ्लाइट एआई-2379 में टर्बुलेंस जैसी घटना दर्ज की गई। कंपनी के अनुसार, इस घटना से एयरक्राफ्ट की ऊंचाई में कुछ देर के लिए अचानक बदलाव आया। ऊंचाई में इस अप्रत्याशित गिरावट के कारण कुछ यात्रियों और क्रू मेंबर्स को चोटें आईं। हालांकि एयरलाइन ने जोर देकर कहा कि विमान दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पूरी तरह सुरक्षित तरीके से लैंड हो गया। सभी यात्री और क्रू सदस्य सुरक्षित उतरे तथा किसी को गंभीर चोट नहीं पहुंची।केबिन क्रू के एक सदस्य को गंभीर चोटनागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) के एक अधिकारी ने बताया कि पायलट इन कमांड ने रिपोर्ट में स्पष्ट रूप से कहा है कि उड़ान के दौरान विमान अचानक करीब 300 फीट की ऊंचाई से नीचे चला गया। अधिकारी ने नाम न बताने की शर्त पर कहा कि पायलट ने बताया कि ऊंचाई में इस अचानक कमी के कारण केबिन क्रू के एक सदस्य को गंभीर चोट आई है। दूसरे क्रू सदस्य को भी चोट लगी है और कुछ यात्रियों को मामूली चोटें पहुंची हैं।घायलों को अस्पताल में इलाजवहीं, नाम न बताने की शर्त पर एक अन्य अधिकारी ने हमारे सहयोगी हिंदुस्तान टाइम्स को बताया कि घायल यात्रियों और क्रू सदस्यों को तुरंत मेडिकल सुविधा उपलब्ध कराई गई। इनमें से कई को गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल और वसंत कुंज के इंडिया स्पाइनल इंजरी सेंटर में शिफ्ट किया गया है। अस्पताल में उनका इलाज चल रहा है।घटना की जानकारी मिलते ही अलर्ट पर दिल्ली एयरपोर्टबताया गया कि घटना की सूचना मिलते ही दिल्ली एयरपोर्ट को तुरंत अलर्ट कर दिया गया था। विमान के लैंड होते ही मेडिकल टीमें रनवे के पास तैयार खड़ी थीं। लैंडिंग के तुरंत बाद घायल यात्रियों और क्रू को प्राथमिक उपचार के लिए एयरपोर्ट की मेडिकल सुविधा में ले जाया गया। जिनकी हालत थोड़ी गंभीर लग रही थी, उन्हें आगे के इलाज के लिए अस्पतालों में रेफर किया गया।

