
रांची। राजधानी रांची जल्द ही यातायात सुगमता और शहरी सौंदर्य के नए मानक स्थापित करने जा रही है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की दूरदर्शी सोच के तहत स्वर्णरेखा और हरमू नदी के दोनों किनारों पर वन-वे फोरलेन फ्लाइओवर के निर्माण की महत्वाकांक्षी योजनाएं तैयार की गई हैं।




इन परियोजनाओं का उद्देश्य शहर के यातायात को सुचारु करना, ट्रैफिक जाम की समस्या से निजात दिलाना और रांची को सौंदर्य की दृष्टि से और अधिक आकर्षक बनाना है। पथ निर्माण विभाग के प्रधान सचिव सुनील कुमार के नेतृत्व में बुधवार को परामर्शी एजेंसियों, फील्ड सर्वे डिवीजन (एफएसडी), और एडवांस प्लानिंग सीडीओ ने इन योजनाओं का खाका तैयार किया गया।

इस दौरान थ्री-डी प्रस्तुतिकरण के माध्यम से परियोजनाओं को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया गया, जिसे देखकर अधिकारियों ने डीपीआर (विस्तृत परियोजना रिपोर्ट) जल्द तैयार करने का निर्देश दिया।
इन परियोजनाओं के पूरा होने पर रांची न केवल यातायात की दृष्टि से सुगम बनेगी, बल्कि स्वर्णरेखा और हरमू नदी के किनारे विकसित रिवर फ्रंट इसे पर्यटन और सौंदर्य का केंद्र भी बनाएंगे। रांचीवासियों के लिए यह एक नई उड़ान का प्रतीक होगा, जो शहर की रफ्तार को पंख देंगे।
अरगोड़ा-कटहल मोड़-चापू टोली फ्लाइओवर : रांची के अरगोड़ा चौक से कटहल मोड़ होते हुए चापू टोली तक 1.75 किलोमीटर लंबा फ्लाइओवर बनाया जाएगा। इस फ्लाईओवर की चौड़ाई 10 मीटर होगी, जबकि इसके नीचे की सड़क को सात मीटर चौड़ा किया जाएगा। यह दोहरी सुविधा यातायात के दबाव को कम करने में महत्वपूर्ण होगी। सड़क के दोनों ओर ड्रेनेज सिस्टम और यूटिलिटी डक्ट बनाए जाएंगे, जो बुनियादी ढांचे को मजबूती प्रदान करेंगे।
नीचे की सड़क का सौंदर्यीकरण होगा, जिसमें हरियाली, आकर्षक डिजाइन, और प्रकाश व्यवस्था शामिल होगी। फ्लाइओवर पर न्वायज कैरियर (रेलिंग) और पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था होगी, जो सुरक्षा और सौंदर्य दोनों को बढ़ाएगी। यह परियोजना शहर के मध्य क्षेत्र में ट्रैफिक जाम की समस्या को कम करने में सहायक होगी।
हरमू फ्लाइओवर (कार्तिक उरांव चौक से एलपीएन शाहदेव चौक) : कार्तिक उरांव चौक से एलपीएन शाहदेव चौक तक लगभग तीन किलोमीटर लंबा वन-वे फ्लाइओवर बनाया जाएगा। यह फ्लाइओवर कार्तिक उरांव चौक से शुरू होकर विशाल मेगा मार्ट तक जाएगा। सहजानंद चौक से रातू रोड की ओर जाने वाले वाहन विशाल मेगा मार्ट पर उतरकर नीचे की सड़क का उपयोग करेंगे। कांके रोड की ओर जाने वाले वाहन भी नीचे की सड़क का इस्तेमाल करेंगे। वहीं, एलपीएन शाहदेव चौक से कार्तिक उरांव चौक तक सीधा वन-वे फ्लाईओवर होगा, जो यातायात को सुगम बनाएगा। फ्लाइओवर के नीचे बिजली, टेलीफोन के तार, और केबल्स को अंडरग्राउंड किया जाएगा, जिससे सड़क का सौंदर्य बढ़ेगा और रखरखाव आसान होगा। दोनों ओर फ्लाइओवर की चौड़ाई 8.5 मीटर होगी और चढ़ने-उतरने की सुविधा उपलब्ध होगी।
इस परियोजना में यूटिलिटी डक्ट, ड्रेन, फुटपाथ, और सौंदर्यीकरण शामिल हैं। डीपीआर तैयार हो चुका है और जल्द ही निविदा निकाली जाएगी। यह फ्लाइओवर रांची के मध्य क्षेत्र में यातायात को सुचारु करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
करमटोली-साइंस सिटी फ्लाईओवर और रिंग रोड तक फोरलेन : करमटोली चौक से मोराबादी होते हुए साइंस सिटी तक 2.2 किलोमीटर लंबा फ्लाइओवर बनाया जाएगा। इस फ्लाइओवर की चौड़ाई 10 मीटर होगी और नीचे की सड़क भी 10 मीटर चौड़ी होगी। साइंस सिटी से आगे रिंग रोड तक पांच किलोमीटर से अधिक लंबी फोरलेन सड़क बनाई जाएगी। यह परियोजना शहर के व्यस्त यातायात को कम करने और बाहरी क्षेत्रों को जोड़ने में महत्वपूर्ण होगी। डीपीआर और डिजाइन का कार्य प्रगति पर है और जल्द ही निर्माण शुरू होने की उम्मीद है।
स्वर्णरेखा नदी के दोनों किनारों पर वन-वे फ्लाइओवर : स्वर्णरेखा नदी के रिवर फ्रंट डेवलपमेंट के तहत नदी के दोनों किनारों पर वन-वे फ्लाइओवर बनाए जाएंगे। हीनू ढलान के पास होटल एमराल्ड पर गोलंबर बनेगा, जहां से दाहिनी ओर मेकन रोड गार्डन, डीपीएस के पीछे जगन्नाथपुर मंदिर तक फ्लाइओवर जाएगा। इसकी लंबाई लगभग आठ किलोमीटर होगी। पेट्रोल पंप के पास रेलवे लाइन पर आरओबी (रेलवे ओवर ब्रिज) भी बनाया जाएगा। यह फ्लाइओवर नया सराय रोड को रिंग रोड से जोड़ेगा। नदी के किनारे सौंदर्यीकरण, आकर्षक पेड़-पौधे, और प्रकाश व्यवस्था होगी, इससे क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा।
मुक्तिधाम-रेडिसन ब्लू तक हरमू नदी फ्लाइओवर : कडरू और अशोक नगर में यातायात के दबाव को कम करने के लिए हरमू मुक्तिधाम से रेडिसन ब्लू होटल तक हरमू नदी के दोनों किनारों पर 2.2 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड वन-वे फ्लाइओवर बनाया जाएगा। नदी के किनारे सौंदर्यीकरण और प्रकाश व्यवस्था होगी। इसकी प्राथमिक डिजाइन तैयार है और जल्द ही निर्माण शुरू होने की संभावना है।
रातू रोड फ्लाइओवर बनकर तैयार है। 3.6 किलोमीटर लंबा और 290 करोड़ रुपये की लागत वाला यह फ्लाइओवर राजभवन और पंडरा जैसे क्षेत्रों को जोड़ता है, जिससे 30-35 मिनट का सफर पांच मिनट में सिमट जाएगा। इसके उद्घाटन की प्रतीक्षा की जा रही है। इन फ्लाइओवरों ने न केवल यातायात को सुगम बनाया, बल्कि शहर के सौंदर्य को भी बढ़ाया। सिरमटोली फ्लाइओवर के नीचे पौधरोपण और आकर्षक डिजाइन ने क्षेत्र को नया रूप दिया। ये फ्लाइओवर रांची को तेजी से महानगरीय स्वरूप देने की दिशा में बढ़ रहे हैं।

