
भागलपुर। अभी तक आपने “बिहार के मखाना” को सुपर फूड और ग्लोबल फूड बनने के बारे में सुना होगा। लेकिन अब आपके थाली में मखाना का पापड़ भी परोसा जाएगा। इसकी तैयारी बिहार में मिथिलांचल और सीमांचल के महिलाओं के साथ स्टार्टअप के तौर पर मखाना उत्पादन इलाकों में कर दिया गया है।
बीएयू सबौर के डायरेक्टर रिसर्च डॉ अनिल के सिंह ने गुरुवार को बताया कि मखाना पापड़ अब हर थाली में एक महत्वपूर्ण व्यंजन होगा जो 100% प्योर मखाना से तैयार किया गया है। मखाना के पापड़ में मखाना के हर साइज के इस्तेमाल होगा। बिहार कृषि विश्वविद्यालय के खेती के तहत स्टार्टअप में युवाओं और महिलाओं को ट्रेनिंग देकर मखाना का पापड़ तैयार किया गया है। फिलहाल जिस तरह से इंटरनेशनल लेवल पर मखाना का डिमांड है, आने वाले कल में मखाना के पापड़ का उद्योग और व्यापार ग्लोवली हो जाएगा।
