
रांची। दक्षिणी-पश्चिमी मॉनसून जुलाई के पहले सप्ताह में झारखंड में दोबारा सक्रिय होने की संभावना है। इसके प्रभाव से रांची समेत राज्य के कई जिलों में अच्छी बारिश हो सकती है। मौसम वैज्ञानिक अभिषेक आनंद ने शुक्रवार को बताया कि दो से तीन जुलाई के बीच मॉनसून के सक्रिय होने के संकेत हैं। इसे देखते हुए मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है। उन्होंने बताया कि इस वर्ष पूरे देश में अल नीनो के प्रभाव के कारण मॉनसून अपेक्षाकृत कमजोर रहने की संभावना है। हालांकि झारखंड में जुलाई के पहले सप्ताह में मौसम की गतिविधियों में तेजी आने की उम्मीद है। मॉनसून की स्थिति और आगे के पूर्वानुमान को लेकर मौसम विभाग अगले सप्ताह विस्तृत जानकारी साझा करेगा।



अभिषेक आनंद ने कहा कि झारखंड में सामान्यतः सबसे अधिक वर्षा जुलाई और अगस्त के दौरान होती है। राज्य की कृषि और जल संसाधन काफी हद तक इन दो महीनों की बारिश पर निर्भर करते हैं। ऐसे में यदि इस अवधि में सामान्य से कम वर्षा होती है तो इसका असर खेती, जलस्तर और दैनिक जीवन पर पड़ सकता है। इसलिए विभाग लगातार मौसम की गतिविधियों पर नजर बनाए हुए है।
इस बीच, पिछले 24 घंटों के दौरान राज्य में सबसे अधिक 27.8 मिलीमीटर बारिश पाकुड़ जिले के पाकुड़िया में दर्ज की गई। वहीं अधिकतम तापमान डाल्टनगंज में 40.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान लातेहार में 23.3 डिग्री सेल्सियस रहा। शुक्रवार को रांची और आसपास के इलाकों में सुबह से मौसम साफ रहने के कारण गर्मी और उमस ने लोगों को परेशान किया। दोपहर बाद शहर के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश हुई, जिससे तापमान में मामूली गिरावट आई और लोगों को गर्मी से राहत मिली।

