
सीतामढ़ी। बिहार के सीतामढ़ी जिले में शनिवार तड़के खेत में बिछाए गए नंगे बिजली के तार की चपेट में आने से पति-पत्नी समेत तीन लोगों की मौत हो गई। हादसे में एक अन्य व्यक्ति के गंभीर रूप से घायल होने की भी सूचना है। घटना बैरगनिया प्रखंड के अक्ता पश्चिमी चकवा पंचायत के तकिया टोला स्थित वार्ड नंबर-5 की है। हादसे के बाद गांव में मातम पसरा हुआ है।



जानकारी के अनुसार, तकिया टोला निवासी मोहम्मद इस्लाम मंसूरी की भैंस शनिवार तड़के करीब तीन बजे खूंटे से खुलकर कहीं चली गई थी। भैंस की तलाश में इस्लाम अंधेरे में ही घर से निकले और आसपास के खेतों में खोजबीन करने लगे। इसी दौरान वह एक धान के खेत के पास पहुंचे, जहां फसल की सुरक्षा के लिए कथित तौर पर नंगे बिजली के तार लगाए गए थे।
अंधेरा होने के कारण इस्लाम को तार दिखाई नहीं दिए और वह करंट की चपेट में आ गए। बिजली का झटका लगने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई। काफी देर तक घर नहीं लौटने पर उनकी पत्नी रुबैदा खातून उन्हें तलाशते हुए खेत की ओर पहुंचीं। पति को खेत में बेसुध देखकर उन्होंने उन्हें बचाने का प्रयास किया, लेकिन वह भी करंट की चपेट में आ गईं और उनकी मौत हो गई।
घटना की जानकारी मिलने के बाद गांव के ही असमत अली मौके पर पहुंचे। बताया जा रहा है कि वह भी बिजली के तार की चपेट में आ गए और उनकी मौत हो गई। हादसे में एक अन्य व्यक्ति के घायल होने की भी सूचना है, जिसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
सुबह घटना की जानकारी फैलते ही घटनास्थल पर ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। मौके से दो जंगली सूअरों के शव भी बरामद हुए हैं। इसके बाद आशंका जताई जा रही है कि धान की फसल को जंगली जानवरों से बचाने के लिए खेत के चारों ओर नंगे तार लगाकर उनमें बिजली प्रवाहित की गई थी।
सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस खेत में बिजली के तार लगाए जाने और उसमें करंट प्रवाहित किए जाने के संबंध में भी छानबीन कर रही है। तीन ग्रामीणों की मौत के बाद तकिया टोला और आसपास के इलाके में शोक का माहौल है।

