
औरंगाबाद। जिले से गुजरने वाले औरंगाबाद-पटना पथ यानी एनएच-139 को फोरलेन बनाने की दिशा में अहम कदम उठाया गया है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने सड़क के एलाइमेंट को मंजूरी दे दी है। गुरुवार को नई दिल्ली में एनएचएआई और राज्य सरकार के अधिकारियों की बैठक में यह स्वीकृति दी गई। परियोजना के तहत औरंगाबाद, अंबा और ओबरा में ग्रीनफील्ड फोरलेन बाईपास बनेंगे।



एनएच के कार्यपालक अभियंता तुलसी प्रसाद ने बताया कि तीनों शहरों में बाईपास और शेष सड़क को फोरलेन करने का एलाइमेंट एनएचएआइ को सौंपा गया था। औरंगाबाद शहर के पश्चिम में 19.1 किलोमीटर लंबा बाईपास बनेगा। अंबा में पूर्वी दिशा से करीब 4.8 किलोमीटर लंबा बाईपास प्रस्तावित है। पहले इसकी लंबाई लगभग 10 किलोमीटर तय की गई थी। ओबरा में पश्चिम दिशा से करीब 6.9 किलोमीटर का बाईपास बनेगा।
झारखंड सीमा के संडा से नौबतपुर तक एनएच-139 को फोरलेन किया जाएगा। नौबतपुर से पटना तक सड़क पहले से फोरलेन है। बाईपास और सड़क निर्माण के लिए किसानों की जमीन का अधिग्रहण होगा। जहां फोरलेन सड़क के लिए अतिरिक्त जमीन की जरूरत होगी, वहां भी अधिग्रहण किया जाएगा।
एनएच-139 पर वाहनों का दबाव लगातार बढ़ रहा है। सड़क दुर्घटनाओं में मौतों के चलते इसे फोरलेन बनाने की मांग लंबे समय से उठ रही थी। बाईपास बनने से शहरों के भीतर यातायात का दबाव कम होने और औरंगाबाद, अंबा तथा ओबरा में जाम से राहत मिलने की उम्मीद है। आवागमन भी सुगम और सुरक्षित होगा।

