
रांची। झारखंड में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की अवधि नहीं बढ़ेगी। गणना चरण का काउंट डाउन शुरू हो चुका है। इसमें अब पांच दिन ही शेष बचे हैं। 29 जुलाई के बाद मतदाताओं से गणना प्रपत्र नहीं लिया जाएगा। पांच अगस्त को प्रकाशित होनेवाली प्रारुप मतदाता सूची में उन मतदाताओं का ही नाम होगा, जो इस अवधि तक अपना गणना प्रपत्र भरकर तथा हस्ताक्षर कर बीएलओ को वापस लौटा देंगे। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने इसकी पुष्टि की है।



उन्होंने उन सभी मतदाताओं से गणना प्रपत्र भरकर तथा हस्ताक्षर कर अपने बीएलओ को लौटाने की अपील की है, जिन्होंने अभी तक यह कार्य पूरा नहीं किया है। गणना प्रपत्र भरकर तथा हस्ताक्षर कर जमा नहीं करने पर उनका नाम प्रारुप मतदाता सूची में नहीं होगा।
अभी तक गणना चरण की उपलब्धियों की बात करें तो कुल 2,64,63,236 मतदाताओं में से 2,63,30,846 मतदाताओं को गणना प्रपत्र बीएलओ के माध्यम से उपलब्ध करा दिए गए हैं। इस तरह, लगभग शत-प्रतिशत मतदाताओं को गणना प्रपत्र मिल चुके हैं।
इनमें से 88 प्रतिशत मतदाताओं के गणना प्रपत्र डिजिटाइज्ड हो चुके हैं। इनमें मतदाताओं द्वारा भरे गए एवं हस्ताक्षरित मतदाताओं के अलावा वैसे मतदाताओं के भी गणना प्रपत्र भी सम्मिलित हैं, जो एएसडीडी (अब्सेंट, शिफ्टेड, डेथ एवं डुप्लीकेट) सूची में हैं। सिर्फ 12 प्रतिशत मतदाताओं का गणना प्रपत्र जमा होना बाकी है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने उम्मीद जताई है कि शेष पांच दिनों में इनके भी गणना प्रपत्र जमा हो जाएंगे।
मतदाताओं द्वारा भरे हुए एवं हस्ताक्षर किए हुए गणना प्रपत्र के डिजिटाइजेशन की बात करें तो अबतक 2,09,28,990 मतदाताओं के गणना प्रपत्र डिजिटाइज्ड हो चुके हैं। इनके नाम पांच अगस्त को प्रकाशित हाेनेवाली मतदाता सूची में होंगे।

