
पटना। राज्य के सरकारी विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों का ऐच्छिक स्थानांतरण होगा। इसके लिए शिक्षक स्थानांतरण संबंधी प्रस्तावित नीति 10 दिनों में तैयार हो जाएगी। प्रस्तावित नीति के तहत शिक्षकों के साथ ही प्रधानाध्यापकों एवं प्रधान शिक्षकों का भी इस माह में ही ऐच्छिक स्थानांतरण होगा। इसके लिए सरकारी स्कूलों में शिक्षकों के समानुपातीकरण (रेशनालाइजेशन) का कार्य 10 जून तक पूरा हो जाएगा। शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने बुधवार को पत्रकारों को यह जानकारी दी।उन्होंने कहा कि राज्य के शिक्षकों की प्रस्तावित स्थानांतरण नीति के सूत्रण के पहले शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने 11 राज्यों के शिक्षकों की स्थानांतरण की नीति का अध्ययन किया है। प्रस्तावित शिक्षक स्थानांतरण नीति के मसौदे की उन्होंने अपने स्तर से समीक्षा की है। उस पर आपत्तियां भी ली गई हैं। इसके साथ ही शिक्षक संगठनों की राय भी ली गई है। उन्होंने कहा कि शिक्षकों के स्थानांतरण ऐच्छिक होंगे। जो आवेदन करेंगे, उन्हीं का स्थानांतरण होगा।वर्तमान जून में ही स्थानांतरण की नई नीति आ जाएगी। उसके बाद वर्तमान जून में ही स्थानांतरण चाहने वाले शिक्षकों से आवेदन मांगे जाएंगे और उनके ऐच्छिक स्थानांतरण किए जाएंगे। स्थानांतरण की प्रस्तावित नीति स्थायी होगी। इसीलिए इसमें प्रधान शिक्षक एवं प्रधानाध्यापक सहित सभी कोटि के शिक्षकों को शामिल किया जाएगा पुस्तकालयाध्यक्षों के ऐच्छिक स्थानांतरण पर भी विचार हो रहा है।




