
रांची। विधानसभा चुनाव से पहले हुसैनाबाद से एनसीपी (अजीत गुट) के इकलौते विधायक कमलेश कुमार सिंह भाजपा का दामन थाम लेंगे. अब हुसैनाबाद से विधायक कमलेश सिंह एनसीपी छोड़ तीन अक्तूबर को भाजपा में शामिल होंगे। कमलेश कुमार सिंह ने बताया कि वह तीन अक्टूबर को दोपहर 12:00 बजे भाजपा के प्रदेश कार्यालय में असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा के समक्ष पार्टी की सदस्यता ग्रहण करेंगे. इस दौरान कमलेश कुमार सिंह के साथ उनके पुत्र एनसीपी के प्रदेश प्रवक्ता सूर्य सिंह के अलावा एनसीपी के पदाधिकारी और हजारों कार्यकर्ता मौजूद रहेंगे।
बता दें कि फिलहाल कमलेश कुमार सिंह एनसीपी (अजीत गुट) के प्रदेश अध्यक्ष हैं। एनसीपी की स्थापना काल से झारखंड में एनसीपी के साथ थे। एनसीपी में दो फाड़ होने पर कमलेश कुमार सिंह अजीत पवार गुट के साथ हो गए थे।
विधायक के फैसले के बाद यह माना जा रहा है कि झारखंड विधानसभा चुनाव में हुसैनाबाद में भाजपा को मजबूती मिलेगी। कमलेश कुमार सिंह 2005 में एनसीपी के सिंबल पर विधायक बने थे। वह झारखंड के जल संसाधन, खाद्य आपूर्ति एवं उत्पाद विभाग के ताकतवर मंत्री रह चुके हैं. मधु कोड़ा, शिबू सोरेन और अर्जुन मुंडा के मंत्रिमंडल में रह चुके हैं।
दो चुनाव हारने के बाद जनता ने 2019 के चुनाव में फिर से उनपर विश्वास जताया और उन्हें विधानसभा भेजने का काम किया। अब देखने वाली बात यह होगी कि कमलेश कुमार सिंह को बीजेपी का दामन थामने के बाद हुसैनाबाद के पुराने बीजेपी नेताओं और कार्यकतार्ओं की क्या प्रतिक्रिया होगी, क्योंकि हुसैनाबाद विधानसभा क्षेत्र से भाजपा का टिकट पाने की दौड़ में आधा दर्जन नेता शामिल हैं।
