
रांची। राजधानी रांची के विभिन्न जलाशयों और तालाबों के अतिक्रमण से संबंधित मामले की सुनवाई उच्च न्या?यालय में शुक्रवार को हुई। मामले की सुनवाई उच्च न्यायालय के चीफ जस्टिस की बेंच में हुई।
सुनवाई के दौरान अदालत ने रांची नगर निगम को इस पर स्टेटस रिपोर्ट के माध्यम से यह जानकारी देने का निर्देश दिया है कि शहर के तालाबों में गंदगी न फैले और इसपर रोक लगाने के लिए क्या कदम उठाए गए हैं। इसके साथ ही अदालत ने निगम को शपथपत्र दायर कर यह बताने को कहा है कि अगर राज्य में प्लास्टिक बैन है तो उसका अनुपालन कैसे किया जा रहा है।
उच्च न्यायालय ने इस मामले में अब दो सप्ताह बाद सुनवाई करेगा। उल्लेखनीय है कि रांची के बड़ा तालाब और जिले के आसपास के जलस्रोतों को संरक्षित करने और इसमें हो रहे अतिक्रमण को हटाने की मांग को लेकर न्यायालय का दरवाजा खटखटाया गया है। खुशबू कटारुका की ओर से दाखिल जनहित याचिका में कहा गया है कि बड़ा तालाब, कांके डैम और धुर्वा डैम की सैकड़ों एकड़ जमीन अतिक्रमणकारियों की ओर से हड़प ली गई है। वहां मल्टी स्टोरेज बिल्डिंग का निर्माण किया जा रहा है। इसका काफी बुरा असर जलाशयों पर पड़ रहा है। इतना ही नहीं रांची में तालाबों की स्थिति भी बदतर होती जा रही है।
