
पटना । सत्तारूढ़ राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) की प्रचंड जीत के बाद बिहार में अब नई सरकार बनाने की कवायद तेज हो गई है। उत्तर प्रदेश के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य को भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने बिहार में विधायक दल के नेता के चुनाव के लिए पार्टी का केंद्रीय पर्यवेक्षक नियुक्त किया है। मौर्य के अलावा केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल और बीजेपी की सीनियर नेता साध्वी निरंजन ज्योति को केंद्रीय सह-पर्यवेक्षक नियुक्त किया गया है। बिहार में नई सरकार का शपथ ग्रहण समारोह 20 नवंबर को पटना में होने की संभावना है।



बिहार विधानसभा चुनाव में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी भारतीय जनता पार्टी (BJP) अपने नव निर्वाचित विधायकों की बुधवार 19 नवंबर को प्रस्तावित बैठक में विधानमंडल दल के नेता का चयन करेगी। इस संबंध में पार्टी की ओर से सभी 89 नवनिर्वाचित विधायकों तथा 21 विधान परिषद सदस्यों को सूचना भेज दी गई है। बैठक बीजेपी प्रदेश मुख्यालय स्थित अटल सभागार में होगी, जिसकी अध्यक्षता प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जायसवाल करेंगे।
पार्टी की इस महत्वपूर्ण बैठक पर सभी की निगाहें टिकी हैं। बैठक के बाद बीजेपी विधानमंडल दल के नेता और उपनेता के नामों की औपचारिक घोषणा की जाएगी। साथ ही यह भी स्पष्ट हो जाएगा कि नई सरकार में बीजेपी की ओर से किन नेताओं को उपमुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी सौंपी जाएगी।
बीजेपी ने राज्य में 89 विधानसभा सीट जीती हैं। चुनाव के बाद पहली बार विधानमंडल दल की बैठक आयोजित की जा रही है, जिसे पार्टी भविष्य की रणनीति के लिहाज से अहम मान रही है। सूत्रों के अनुसार, शपथ ग्रहण समारोह के लिए पटना के गांधी मैदान में तैयारियां जारी हैं। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार 19 नवंबर को निवर्तमान सरकार के प्रमुख के रूप में राज्यपाल को अपना इस्तीफा सौंप सकते हैं।
20 नवंबर को 10वीं बार शपथ लेंगे नीतीश कुमार : बिहार में सरकार गठन से पहले JDU नेता संजय झा और ललन सिंह ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से उनके आवास पर मुलाकात की। BJP अध्यक्ष जे.पी. नड्डा बंद कमरे में करीब तीन घंटे तक हुई बैठक में मौजूद थे। सूत्रों ने बताया कि बैठक में बिहार में सरकार गठन के लिए राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन की तैयारियों पर चर्चा हुई। इसमें नई सरकार में एनडीए के घटक दलों को मंत्री पद का आवंटन और विधानसभा अध्यक्ष पद के लिए उम्मीदवार का नाम शामिल था।
बिहार में NDA की नई सरकार के गठन की प्रक्रिया सोमवार को शुरू हो गई, जब मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान से मुलाकात की। साथ ही 19 नवंबर से निवर्तमान विधानसभा को भंग करने की सिफारिश की। JDU प्रमुख कुमार बुधवार को फिर से राज्यपाल से मिलेंगे और NDA के अन्य सभी घटकों के समर्थन पत्र के साथ अपना इस्तीफा सौंपेंगे।
JDU सूत्रों ने बताया कि नीतीश कुमार को 19 नवंबर को विधायक दल का नेता चुना जाएगा। इससे एक दिन बाद वह पटना के गांधी मैदान में आयोजित होने वाले एक समारोह में रिकॉर्ड 10वीं बार बिहार के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। कार्यक्रम के दौरान नए मंत्रिमंडल के अन्य मंत्रियों के भी शपथ लेने की उम्मीद है।

