
ढाका। बांग्लादेश में एक और हिंदू की हत्या कर दी गई। हिंदू युवक चंचल भौमिक को गैरेज के अंदर जिंदा जलाकर मार दिया गया। नरसिंदी जिले में चंचल अपने गैराज के अंदर सो रहा था। तभी शटर बंद करके पेट्रोल डाला गया और जिंदा जला दिया गया। चंचल अपने परिवार में इकलौता कमाने वाला शख्स था। स्थानीय लोगों ने कहा कि उसकी मौत के बाद बीमार मां, दिव्यांग बड़े भाई और छोटे भाई देखभाल आखिर कौन करेगा? स्थानील लोगों ने कहा कि चंचल बेहद सीधा आदमी था। उसकी किसी से कोई दुश्मनी नहीं थी। परिवार का कहना है कि यह हत्या सोची-समझी साजिश लगती है और इसके पीछे धार्मिक नफरत हो सकती है।
बांग्लादेश में 12 फरवरी को चुनाव होना है। इससे पहले वहां अल्पसंख्यक हिंदुओं के खिलाफ हिंसा का दौर जारी है। बीते 40 दिनों में 10 हिंदुओं की हत्या कर दी गई है। इससे पहले 5 जनवरी को बांग्लादेश के नरसिंदी जिले में ही एक और हिंदू दुकानदार 40 वर्षीय शरत मणि चक्रवर्ती की धारदार हथियारों से हत्या कर दी गई थी।
मणि की हत्या से पहले बांग्लादेश में हिंदू पत्रकार को भी मौत के घाट उतारा जा चुका है। पत्रकार राणा प्रताप बैरागी को दिनदहाड़े गोली मार दी गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हमलावर मोटरसाइकिल पर सवार होकर आए थे। उन्हें उनकी बर्फ फैक्ट्री से बाहर बुलाकर पास की एक गली में ले गए। वहां कहासुनी के बाद सिर में कई गोलियां मारी गईं। वहीं, कुछ दिनों पहले अज्ञात बदमाशों ने 28 साल के समीर कुमार दास की पीट-पीटकर हत्या कर दी। साथ ही, उसका आॅटोरिक्शा भी लूट लिया।
