
शिमला: कांग्रेस नेता शशि थरूर ने मंगलवार को शिमला में कहा कि अगर ‘इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इन्क्लूसिव अलायंस’ (इंडिया) गठबंधन सत्ता में आता है, तो आतंकवाद विरोधी कानून यूएपीए में किए गए संशोधनों और शरणार्थियों को नागरिकता देने के लिए बनाए गए कानून में धर्म के संदर्भ को रद्द कर दिया जाएगा।



उन्होंने गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (यूएपीए) का जिक्र करते हुए कहा कि ऐसे कानून की कोई जरूरत नहीं है, जो किसी व्यक्ति को अपनी बेगुनाही साबित करने का मौका ना दे।
उन्होंने कहा कि कानूनों को ‘हथियार’ बनाने के कारण कई लोग लंबे समय से जेल में हैं।
थरूर ने कहा कि कांग्रेस चुनावों में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से काफी आगे दिख रही है और 2019 के लोकसभा चुनाव में जहां उसे कम सीट मिली थीं, वहां भी अब उसे अधिक सीट मिल रही है।
उन्होंने कहा कि भाजपा उन राज्यों में खराब प्रदर्शन कर रही है, जहां उसने पिछले चुनाव में सभी सीट जीती थीं।
थरूर ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के भाषणों पर भी आपत्ति जताई और कहा कि वह लोगों को भड़का रहे हैं।
उन्होंने भाजपा के इस आरोप पर कि कांग्रेस आरक्षण खत्म कर देगी, जवाब देते हुए कहा कि कांग्रेस के घोषणापत्र में इस तरह की कोई बात नहीं है।

