
नई दिल्ली। भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर ने मंगलवार को सभी प्रारूपों की कप्तानी छोड़ने का ऐलान किया। अपनी कप्तानी में भारत को वनडे विश्व कप 2025 का खिताब दिलाने वाली हरमनप्रीत अब बतौर खिलाड़ी टीम के लिए उपलब्ध रहेंगी। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट साझा कर अपने फैसले की जानकारी दी।



हरमनप्रीत ने बताया कि कप्तानी छोड़ने का फैसला उपकप्तान स्मृति मंधाना, मुख्य कोच अमोल मजूमदार और बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया के साथ हुई बैठक के बाद लिया गया। स्मृति मंधाना को तीनों प्रारूपों में टीम की नई कप्तान बनाए जाने की संभावना है।
हरमनप्रीत ने अपने पोस्ट में लिखा कि सभी प्रारूपों की कप्तानी छोड़ना आसान फैसला नहीं था। उन्होंने कहा कि इस जिम्मेदारी के साथ वर्षों की यादें, भावनाएं, त्याग और कई ऐसे पल जुड़े हैं, जिन्हें वह जीवनभर याद रखेंगी।
उन्होंने कहा कि कप्तान के तौर पर उन्हें कई कठिन फैसले लेने पड़े, लेकिन उनका हमेशा यही प्रयास रहा कि टीम को बेहतर बनाया जाए और खिलाड़ियों को खुद पर भरोसा करने तथा अपनी क्षमता के मुताबिक प्रदर्शन करने का मौका मिले।
हरमनप्रीत ने अपने कप्तानी कार्यकाल के उतार-चढ़ाव को याद करते हुए कहा कि उन्होंने मुश्किल दौर, हार, निराशा और आलोचनाओं के साथ-साथ जीत, जश्न और देश का प्रतिनिधित्व करने का गौरव भी देखा। उन्होंने भरोसा जताया कि भारतीय महिला टीम का भविष्य मजबूत है और टीम में प्रतिभा, आत्मविश्वास और क्षमता मौजूद है।
‘कप्तानी खत्म, सफर जारी’
हरमनप्रीत ने कहा कि अब उनके लिए जिंदगी का नया अध्याय शुरू करने का समय है। उन्होंने टीम की साथी खिलाड़ियों, कोचिंग स्टाफ, प्रबंधन, बीसीसीआई, परिवार और प्रशंसकों का आभार जताया।
उन्होंने अपने संदेश के अंत में कहा कि कप्तानी भले ही खत्म हो गई है, लेकिन भारतीय क्रिकेट के लिए उनका प्यार हमेशा बना रहेगा। अब वह फिर से खेल के प्रति अपने प्यार के लिए मैदान पर उतरने के लिए तैयार हैं।
2016 में बनी थीं पूर्णकालिक कप्तान
37 वर्षीय हरमनप्रीत कौर ने 2012 में अस्थायी रूप से भारतीय महिला टीम की कप्तानी संभाली थी। 2016 में उन्हें पूर्णकालिक कप्तान बनाया गया। उनकी कप्तानी में भारत ने 2025 में पहली बार महिला वनडे विश्व कप का खिताब जीता।
उनके नेतृत्व में भारतीय टीम ने महिला टी20 एशिया कप, एशियाई खेलों में लगातार दो स्वर्ण पदक और राष्ट्रमंडल खेल 2022 में रजत पदक भी हासिल किया। हरमनप्रीत ने कप्तान के रूप में भारत को पांच टेस्ट, 51 वनडे और 155 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में नेतृत्व किया।

