
ग्रेटर नोएडा । उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा में उत्कर्ष नारी सम्मान युवा स्वाभिमान प्रेरणा विमर्श-2026 के समापन समारोह में विपक्ष पर जोरदार निशाना साधा। उन्होंने पूर्व उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी के वक्तव्य को डरावना करार दिया। इसे उन्होंने भारतीयता और संस्कृति के लिए खतरा बताया है। वहीं, छात्रों की गूंज कार्यक्रम में पीएम नरेंद्र मोदी की माताजी को लेकर एक प्रतिभागी के बयान देते समय लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के मुस्कुराने पर भी निशाना साधा। सीएम योगी ने कहा कि राहुल गांधी से नारी के सम्मान की उम्मीद करना बेमानी है।



योगी ने कहा कि भारत इसलिए भारत है, क्योंकि इसकी आत्मा सनातन धर्म में बसती है। हमारा देश इस कारण सेक्यूलर है, क्योंकि हम ऋषि परंपरा और सनातन पर गौरव करते हैं। हम सनातन को मानते हैं। हमें पूर्वजों, देवी-देवताओं, अवतारों, तीर्थ और विरासत पर गर्व है। हमने विचारों को कभी मनाही नहीं है। हमने हर अच्छे विचार का स्वागत किया। हमने उपासना विधि को कभी भेद नहीं किया। तेरा-मेरा का भेद संकुचित सोच में है। विश्व को परिवार मानने की सोच हमें अपनी इसी परंपरा से मिली है।
योगी ने पूर्व उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी के बयान पर कहा कि हमने संविधान के सर्वोच्च पद पर बैठे व्यक्ति का वक्तव्य देखा है। कुछ लोगों की फितरत होती है कि वह अपने पद की मर्यादा को बनाए नहीं रख पाते हैं। उस मर्यादा के विपरीत अपना आचरण करना उनके जीवन की फितरत बन चुकी होती है।
योगी ने कहा कि हामिद अंसारी ने भारत के उपराष्ट्रपति के रूप में 5 वर्ष के अपने कार्यकाल को पूरा किया। उन्होंने कल एक वक्तव्य दिया, जो बहुत दुर्भाग्यपूर्ण था। यह वक्तव्य भारत, भारतीयता, भारतीय संस्कृति, भारत की परंपरा के लिए उचित नहीं था। यह वक्तव्य दुनिया में भारत की छवि को धूमिल करने के कुत्सित प्रयासों के उस एजेंडे का हिस्सा है, जो एंटी इंडिया फोर्सेज की ओर से लगातार प्रचार किया जाता रहा है। सीएम ने कहा कि पूर्व उपराष्ट्रपति ने शुद्ध रूप से भारत की सनातन परंपरा को कोसने और भारत की हिंदू परंपरा को अपमानित करने के वक्तव्य दिए गए। उसको आतंकवाद से जोड़ने के कुत्सित प्रयास हुए।
योगी ने कहा कि एक महत्वपूर्ण संवैधानिक पद पर बैठे हुए व्यक्ति से भारत का भारत का संविधान अपेक्षा करता है, वह पद की गरिमा के रूप को हमेशा आचरण करें। उस व्यक्ति की व्यक्तिगत राय कुछ भी हो सकती है, लेकिन जब भारत की बात होगी तो भारत के संविधान की मर्यादा का पालन करते हुए भारत की एकता, अखंडता के लिए उसका सर्वोच्च योगदान होना चाहिए। उन्होंने कहा कि ऐसे ही भटके हुए लोग जब भारत की व्यवस्था में कहीं से घुसपैठ करके आते हैं, तो भारत के बारे में गलत छवि बनाने का प्रयास करते हैं।

