
लातेहार । झारखंड के लातेहार जिले में पुलिस ने प्रतिबंधित नक्सली संगठन झारखंड जनमुक्ति परिषद (जेजेएमपी) के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान में बड़ी सफलता हासिल की है। मनिका थाना क्षेत्र के कुरुमखेता जंगल में छापेमारी कर संगठन के दो सक्रिय उग्रवादियों को अत्याधुनिक हथियारों के जखीरे के साथ दबोचा गया है। गिरफ्तार उग्रवादियों की पहचान मनोज लोहरा (पांकी, पलामू) और महादेव सिंह (सिमरियाटांड, लातेहार) के रूप में हुई है। लातेहार एसपी कुमार गौरव ने बुधवार को प्रेस वार्ता में बताया कि 4 मई को कुरुमखेता जंगल में जेजेएमपी के कुख्यात उग्रवादी शंकर राम के दस्ते की मौजूदगी की गुप्त सूचना मिली थी। इसके बाद एसपी के निर्देश पर ‘स्पेशल ऑपरेशन ड्रैगन-228’ शुरू किया गया। अभियान के दौरान जैसे ही पुलिस की संयुक्त टीम जंगल में पहुंची, उग्रवादी भागने लगे। जवानों ने घेराबंदी कर दो उग्रवादियों को पकड़ लिया, हालांकि मुख्य सरगना शंकर राम जंगल का लाभ उठाकर फरार होने में सफल रहा। गिरफ्तार उग्रवादियों की निशानदेही पर पुलिस ने झाड़ियों में छिपाकर रखे गए हथियारों का बड़ा भंडार बरामद किया। पुलिस ने छापेमारी के दौरान एक एके-47 रायफल, दो एसएलआर रायफल, 9 मैगजीन और 318 राउंड जिंदा गोलियां बरामद की हैं। इसके अलावा, उग्रवादियों के पास से दो वॉकी-टॉकी, दो वाई-फाई राउटर, पांच मोबाइल फोन और छह सिम कार्ड भी जब्त किए गए हैं।एसपी कुमार गौरव ने बताया कि पकड़े गए उग्रवादी किसी बड़ी हिंसक घटना को अंजाम देने की फिराक में थे। जब्त किए गए इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की तकनीकी जांच की जा रही है ताकि संगठन के आगामी मंसूबों और उनके नेटवर्क का खुलासा किया जा सके। फरार उग्रवादी शंकर राम की गिरफ्तारी के लिए इलाके में सघन तलाशी अभियान जारी है। इस मामले में मनिका थाना में आर्म्स एक्ट और सीएलए एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।




