
पटना। बिहार विधानसभा चुनाव के लिए विपक्षी इंडिया गठबंधन के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार तेजस्वी यादव ने वक्फ (संशोधन) अधिनियम को लेकर रविवार को कहा कि गठबंधन के सत्ता में आने पर इस अधिनियम को कूड़ेदान में फेंक दिया जाएगा।



राजद के नेता ने मुस्लिम बहुल कटिहार जिले में एक जनसभा को संबोधित करते हुए आरोप लगाया कि उनके पिता एवं राजद प्रमुख लालू प्रसाद ने कभी सांप्रदायिक ताकतों से समझौता नहीं किया, लेकिन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने हमेशा ऐसी ताकतों का साथ दिया है, जिसके कारण राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) और उसके सहयोगी संगठन राज्य और देश में नफरत फैला रहे हैं। उन्होंने भाजपा को भारत जलाओ पार्टी करार देते हुए कहा कि भाजपा सत्ता में आई तो सांप्रदायिक एजेंडा तेज होगा। तेजस्वी ने कहा कि अगर इंडिया गठबंधन सत्ता में आता है तो हम वक्फ अधिनियम को कूड़ेदान में फेंक देंगे।
पूर्व उपमुख्यमंत्री ने सीमांचल क्षेत्र को लेकर कहा कि राजग सरकार ने क्षेत्र के विकास के लिए कुछ नहीं किया और इंडिया गठबंधन के सत्ता में आने पर सीमांचल विकास प्राधिकरण का गठन किया जाएगा। उन्होंने यह भी दावा किया कि राजग सरकार उनके चुनावी वादों की नकल कर रही है। यादव ने कहा कि अगर उनकी सरकार बनी तो वृद्धावस्था पेंशन बढ़ाकर 2,000 रुपये प्रति माह की जाएगी।
उल्लेखनीय है कि शनिवार को राजद के विधान पार्षद मोहम्मद कारी सोहैब भी इसी मुद्दे पर विवादों में घिर गए थे जब उन्होंने कहा था कि तेजस्वी यादव के मुख्यमंत्री बनते ही वक्फ विधेयक सहित सभी विधेयक फाड़ दिए जाएंगे। भाजपा ने इस बयान पर सवाल पूछा था कि कोई भी राज्य सरकार केंद्र के कानूनों को कैसे बदल सकती है।

